सीएम धामी ने 63 सफाई निरीक्षकों को दिए नियुक्ति पत्र, 9 नवंबर से पहले खत्म होगा लीगेसी वेस्ट
देहरादून। प्रदेश को स्वच्छता के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य बनाने के लक्ष्य के साथ राज्य सरकार ने शहरी निकायों को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। सोमवार को मुख्य सेवक सदन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शहरी विकास विभाग के अंतर्गत चयनित 63 सफाई निरीक्षकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इनमें 10 महिला निरीक्षक भी शामिल हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने लगभग 62 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले शहरी विकास निदेशालय के नए भवन का शिलान्यास भी किया। प्रस्तावित हरित और आधुनिक भवन करीब डेढ़ वर्ष में बनकर तैयार होगा, जिसमें शहरी विकास विभाग के साथ-साथ स्मार्ट सिटी मिशन और उत्तराखंड अर्बन सेक्टर डेवलपमेंट एजेंसी के कार्यालय भी संचालित किए जाएंगे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य में शहरी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए नगर निकायों की भूमिका बेहद अहम है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पूरे वर्ष पर्यटक और श्रद्धालु आते हैं, वहीं जल्द ही चारधाम यात्रा शुरू होने वाली है और वर्ष 2027 में कुंभ मेले का आयोजन भी प्रस्तावित है। ऐसे में शहरों और तीर्थस्थलों की स्वच्छता बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि नवनियुक्त सफाई निरीक्षक पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे। उन्होंने बताया कि पिछले चार वर्षों में राज्य सरकार ने लगभग 30 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी सेवाओं में रोजगार दिया है। 63 नए सफाई निरीक्षकों की नियुक्ति से नगर निकायों की कार्यक्षमता बढ़ेगी और सफाई व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी। कार्यक्रम में शहरी विकास विभाग के सचिव नितेश झा ने बताया कि इन पदों पर चयन उत्तराखंड लोक सेवा आयोग के माध्यम से पहले ही हो चुका था, लेकिन न्यायालय में मामला लंबित होने के कारण नियुक्ति पत्र जारी नहीं किए जा सके थे। अब मामला निस्तारित होने के बाद सभी चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति दी गई है। उन्होंने कहा कि नियुक्ति के बाद सभी निरीक्षकों को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, ताकि वे जमीनी स्तर पर बेहतर ढंग से कार्य कर सकें। सचिव झा ने बताया कि नगर निकायों में कूड़ा प्रबंधन को सुदृढ़ करने के लिए पिछले एक वर्ष में 250 जीपीएस युक्त कूड़ा वाहनों की व्यवस्था की गई है। अगले दो महीनों में 150 और वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे तथा छह महीने के भीतर 500 अतिरिक्त वाहन भी नगर निकायों को दिए जाएंगे, जिससे कूड़ा उठान व्यवस्था पूरी तरह सुदृढ़ हो सकेगी। उन्होंने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में विभिन्न नगर निकायों में 72 नए पार्क विकसित किए गए हैं, जिनसे करीब 1.30 लाख वर्ग मीटर हरित क्षेत्र तैयार हुआ है। वहीं 31 मार्च से पहले 32 और पार्क स्वीकृत करने का लक्ष्य रखा गया है। सचिव झा ने कहा कि प्रदेश में मौजूद कूड़े के पुराने ढेर यानी लीगेसी वेस्ट को समाप्त करने पर भी तेजी से काम किया जा रहा है। वर्तमान में 25 लाख मीट्रिक टन कूड़े में से लगभग 45 प्रतिशत का निस्तारण किया जा चुका है और लक्ष्य है कि आगामी 9 नवंबर, राज्य स्थापना दिवस से पहले प्रदेश से लीगेसी वेस्ट पूरी तरह समाप्त कर दिया जाए।