धामी कैबिनेट के अहम फैसले: कुंभ कार्यों के लिए बढ़ाए गए वित्तीय अधिकार! 250 नई बसों की मंजूरी और वन दरोगा भर्ती में स्नातक अनिवार्य
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में आज गुरूवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में कुल 18 प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई, जिनमें कुंभ मेले की तैयारियों से लेकर भर्ती नियमों में बदलाव और परिवहन सेवाओं के विस्तार जैसे अहम मुद्दे शामिल रहे। कैबिनेट के प्रमुख फैसलों में कुंभ मेले से जुड़े स्थाई और अस्थाई कार्यों के लिए वित्तीय अधिकारों का विकेंद्रीकरण शामिल है। अब कुंभ मेला अधिकारी एक करोड़ रुपये तक के कार्यों को स्वीकृत कर सकेंगे, जबकि गढ़वाल आयुक्त को पांच करोड़ रुपये तक के कार्यों की मंजूरी देने का अधिकार दिया गया है।
पढ़ें कैबिनेट के बड़े फैसले
उत्तराखंड मोटरयान संशोधित नियमावली 2026 के तहत वरिष्ठ प्रवर्तन पर्यवेक्षक, प्रवर्तन पर्यवेक्षक और सिपाहियों का वर्दी निर्धारण को मिली मंजूरी।
कुंभ मेले में एक करोड़ तक के काम को मेला अधिकारी स्वीकृत कर सकेंगे।
5 करोड़ तक के काम को गढ़वाल आयुक्त स्वीकृत कर करेंगे। उससे ऊपर के काम, शासन स्तर पर होंगे स्वीकृत।
उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नियमावली 2026 के संशोधन को मिली मंजूरी।
जिला सैनिक कल्याण अधिकारी भी जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में पदेन सदस्य के रूप में होंगे। एसिड अटैक विक्टिम को भी शामिल करने का लिया गया निर्णय।
उत्तराखंड उप खनिज परिहार नियमावली 2023 में संशोधन को मिली मंजूरी। रॉयल्टी की दर को 7 रुपए प्रति कुंतल को बढ़ाकर 8 रुपए प्रति कुंटल किया गया।
वाणिज्य कर विभाग की नियमावली में किए गए संशोधन को मिली मंजूरी।
परिवहन विभाग में 250 बसों को खरीदने संबंधित प्रस्ताव को मिली मंजूरी।
परिवहन निगम को शासन ने 100 बसें खरीदने की मंजूरी दी थी। जिसे अब बढ़कर 109 कर दिया है। जीएसटी की तरह 28 फ़ीसदी से घटकर 18 फ़ीसदी हो गई है। जिसके चलते ये निर्णय लिया गया है।
उत्तराखंड अधीनस्थ वन सेवा नियमावली 2016 में संशोधन किया गया है।
वन दरोगा के शैक्षिक अहर्ता को इंटरमीडिएट से बढ़कर स्नातक किया गया है।
वन दरोगा की आयु सीमा बढ़ाकर 21 से 35 साल की गई। वन आरक्षी की आयु सीमा 18 से 25 वर्ष की गई।