हरिद्वार में आस्था का 'महाकुंभ' और कचरे का अंबार: 76 लाख श्रद्धालु छोड़ गए 200 टन कूड़ा,रातभर 'युद्धस्तर' पर चमकाए गए गंगा घाट
हरिद्वार। धर्मनगरी हरिद्वार में सोमवती अमावस्या पर आस्था का ऐसा सैलाब उमड़ा जिसने पिछले कई रेकॉर्ड तोड़ दिए। हरकी पैड़ी समेत तमाम गंगा घाटों पर करीब 76 लाख श्रद्धालुओं ने पुण्य की डुबकी लगाई। लेकिन, इस अभूतपूर्व आस्था के समागम के पीछे एक हैरान करने वाली तस्वीर भी सामने आई। इतनी बड़ी संख्या में आए श्रद्धालु अपने पीछे हरिद्वार की गलियों, बाजारों और गंगा घाटों पर करीब 200 टन (दो लाख किलोग्राम) कूड़े का अंबार छोड़ गए। इस भारी कचरे से पटी धर्मनगरी को दोबारा स्वच्छ बनाना नगर निगम के लिए किसी बड़ी अग्निपरीक्षा से कम नहीं था, जिसे निगम की टीम ने रातभर 'युद्धस्तर' पर अभियान चलाकर बखूबी पार कर लिया।
गौरतलब है कि हरिद्वार नगर निगम के सभी 60 वार्डों से सामान्य दिनों में रोजाना 250 से 300 टन कूड़ा निकलता है। लेकिन सोमवती स्नान के कारण महज कुछ ही घंटों के भीतर बाजारों और वीआईपी घाटों पर 200 टन अतिरिक्त कूड़ा जमा हो गया। यदि समय रहते इसे साफ न किया जाता तो सुबह होते ही पूरा शहर बदबू और गंदगी की चपेट में आ जाता। स्नान की समाप्ति के बाद जैसे ही रात को पुलिस प्रशासन से वाहनों के संचालन की हरी झंडी मिली, नगर निगम की स्वच्छता टीम रात करीब 9 बजे पूरी ताकत के साथ मैदान में उतर गई। विष्णुघाट, अलकनंदा घाट, सुभाष घाट, नई घाट और मालवीय घाट समेत सभी प्रमुख स्नान स्थलों पर विशेष सफाई अभियान चलाया गया। सैकड़ों सफाई कर्मियों ने बिना रुके, बिना थके पूरी रात काम करते हुए घाटों और सार्वजनिक स्थलों से एक-एक तिनका बटोरा। सुबह 4 बजते-बजते प्रमुख घाटों और मार्गों की सफाई पूरी कर ली गई। इस दौरान करीब 90 ट्रैक्टर ट्रॉलियों में कूड़ा भरकर सराय स्थित आधुनिक कूड़ा निस्तारण प्लांट पहुंचाया गया, जहां वैज्ञानिक विधि से इसका निस्तारण किया जा रहा है। इस महा-अभियान की संवेदनशीलता को देखते हुए नगर आयुक्त नंदन कुमार खुद भारी प्रशासनिक अमले के साथ रात के दो बजे धरातल पर उतरे। उन्होंने विभिन्न घाटों का बारीकी से निरीक्षण किया और मौके पर मौजूद अधिकारियों व पर्यावरण मित्रों (सफाई कर्मियों) का हौसला बढ़ाया। इस दौरान सहायक नगर आयुक्त दीपक गोस्वामी, मुख्य सफाई निरीक्षक संजय शर्मा और सफाई निरीक्षक धीरेंद्र सेमवाल समेत नगर निगम की पूरी टीम पूरी रात मुस्तैद रही। सहायक नगर आयुक्त दीपक गोस्वामी ने बताया कि मुख्य नगर आयुक्त के सख्त निर्देशों के बाद यह विशेष अभियान चलाया गया था। टीम की तत्परता का ही नतीजा है कि सुबह होने से पहले ही उन सभी प्रमुख क्षेत्रों को पूरी तरह साफ-सुथरा कर दिया गया, जहां से श्रद्धालुओं का आवागमन होना था। उन्होंने बताया कि रातभर में अधिकांश काम पूरा कर लिया गया था, और जो थोड़े-बहुत अंदरूनी इलाके बच गए हैं, वहां आज दिन में भी मुस्तैदी से कूड़ा उठाने का कार्य जारी है। नगर निगम की इस त्वरित कार्रवाई की स्थानीय व्यापारियों और तीर्थ पुरोहितों ने भी जमकर सराहना की है।