रुद्रप्रयाग में भारी बारिश का अलर्ट, डीएम विशाल मिश्रा ने संभाली कमान! कंट्रोल रूम से की समीक्षा, सभी विभाग अलर्ट मोड पर
रुद्रप्रयाग। जनपद में लगातार हो रही बारिश को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने जिला आपदा कंट्रोल रूम पहुंचकर पूरे जनपद की स्थिति की समीक्षा की और सभी विभागों, रेस्क्यू टीमों व फील्ड अधिकारियों को किसी भी आपदा से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार रहने के निर्देश दिए हैं। मौसम विभाग की भारी बारिश की चेतावनी और मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन ने मानसून के दौरान संभावित आपदा से निपटने की तैयारियां तेज कर दी हैं। गुरुवार को जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने जिला आपदा परिचालन केंद्र का निरीक्षण कर सड़क, बिजली, पेयजल, पुलिस, राजस्व, राष्ट्रीय राजमार्ग और अन्य विभागों की तैयारियों की समीक्षा की। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को संसाधन और मशीनरी हर समय तैयार रखने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने बताया कि बुधवार से लगातार बारिश के चलते कई स्थानों पर छोटे-बड़े भूस्खलन हुए हैं। हालांकि जिन सड़कों पर मलबा आया था, उन्हें संबंधित विभागों द्वारा लगातार खोलने का कार्य किया जा रहा है और अधिकांश मार्गों पर यातायात सामान्य हो चुका है। संवेदनशील और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों पर कंट्रोल रूम से चौबीसों घंटे नजर रखी जा रही है। प्रशासन लगातार अलकनंदा, मंदाकिनी सहित सभी प्रमुख नदियों के जलस्तर की निगरानी कर रहा है। फिलहाल कोई भी नदी खतरे के निशान से ऊपर नहीं बह रही है। वहीं जलविद्युत परियोजनाओं के साथ भी लगातार समन्वय बनाया गया है। यदि किसी परियोजना से पानी छोड़ा जाता है तो उसकी पूर्व सूचना आम लोगों और यात्रियों तक पहुंचाई जाएगी।
जिलाधिकारी ने लोगों और यात्रियों से अपील की है कि बारिश के दौरान नदी, गदेरे और बरसाती नालों के पास न जाएं तथा प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। उन्होंने कहा कि भारी बारिश की स्थिति में सुरक्षित स्थानों पर रुकने की सलाह का पालन करें और किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। जिलाधिकारी ने बताया कि केदारनाथ यात्रा फिलहाल पूरी तरह सुचारू रूप से संचालित हो रही है। मानसून और गर्मी की छुट्टियां समाप्त होने के कारण यात्रियों की संख्या में कमी आई है, लेकिन यात्रा मार्ग पर सुरक्षा, स्वास्थ्य, यातायात और आपदा प्रबंधन की सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह सक्रिय हैं। जिला प्रशासन यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पूरे यात्रा मार्ग पर लगातार निगरानी बनाए हुए है।