बांकीपुर उपचुनाव में तेजप्रताप यादव को बड़ा झटका, जेजेडी प्रत्याशी वीणा मानवी का नामांकन रद्द
पटना। बिहार की चर्चित बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में जनशक्ति जनता दल के अध्यक्ष तेजप्रताप यादव को बड़ा राजनीतिक झटका लगा है। पार्टी की उम्मीदवार वीणा मानवी का नामांकन पत्र जांच के दौरान रद्द कर दिया गया। निर्वाचन अधिकारी ने हलफनामे में एक आपराधिक मामले की जानकारी छिपाने को आधार बनाते हुए उनका नामांकन खारिज कर दिया। इस फैसले के बाद जेजेडी कार्यकर्ताओं में नाराजगी और मायूसी का माहौल है, जबकि तेजप्रताप यादव ने इसे सरकार की साजिश करार देते हुए न्यायालय का दरवाजा खटखटाने की घोषणा की है।
नामांकन पत्रों की जांच के दौरान चुनाव आयोग ने पाया कि वीणा मानवी ने अपने चुनावी शपथपत्र में अपने खिलाफ दर्ज एक आपराधिक मामले का उल्लेख नहीं किया है। निर्वाचन नियमों के अनुसार प्रत्येक उम्मीदवार के लिए अपने खिलाफ दर्ज सभी आपराधिक मामलों की पूरी जानकारी हलफनामे में देना अनिवार्य है। आयोग ने इसी आधार पर उनका नामांकन रद्द करने का फैसला सुनाया। नामांकन रद्द होने की सूचना मिलते ही तेजप्रताप यादव स्वयं वीणा मानवी के साथ समाहरणालय पहुंचे और अधिकारियों से बातचीत कर निर्णय पर पुनर्विचार की मांग की। हालांकि उनकी कोशिश सफल नहीं हुई और निर्वाचन अधिकारी ने अपना फैसला बरकरार रखा। इस दौरान तेजप्रताप यादव ने सरकार और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा, "हमारी उम्मीदवार के साथ षड्यंत्र किया जा रहा है। सरकार की तरफ से उन्हें चुनाव लड़ने से रोकने की कोशिश की जा रही है। हम इस फैसले को अदालत में चुनौती देंगे और न्याय की लड़ाई लड़ेंगे। गौरतलब है कि वीणा मानवी ने 13 जुलाई को बांकीपुर उपचुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल किया था। उस समय उन्होंने दावा किया था कि उनके हलफनामे में सभी आवश्यक जानकारियां दी गई हैं और किसी भी तथ्य को नहीं छिपाया गया है। लेकिन जांच के दौरान आयोग ने उनके दावे को सही नहीं माना। वीणा मानवी पहले भी विवादों में रह चुकी हैं। नामांकन दाखिल करने के कुछ ही समय बाद पुलिस ने वर्ष 2009 के एक कथित धोखाधड़ी मामले में उन्हें गिरफ्तार किया था। हालांकि बाद में उन्हें जमानत मिल गई थी। गिरफ्तारी के बाद उन्होंने आरोप लगाया था कि सत्ताधारी दल उन्हें चुनाव लड़ने से रोकने के लिए पुराने मामले को आधार बनाकर राजनीतिक दबाव बना रहा है। बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव इस बार बेहद दिलचस्प मुकाबले की ओर बढ़ रहा है। भारतीय जनता पार्टी ने नीरज कुमार सिन्हा को उम्मीदवार बनाया है, जबकि राष्ट्रीय जनता दल ने रेखा गुप्ता पर दांव लगाया है। वहीं जन सुराज पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर खुद इस सीट से चुनावी मैदान में उतरकर मुकाबले को त्रिकोणीय और बेहद रोमांचक बना रहे हैं। अब वीणा मानवी का नामांकन रद्द होने के बाद बांकीपुर की चुनावी तस्वीर बदलती नजर आ रही है। यदि अदालत से कोई राहत नहीं मिलती है तो जनशक्ति जनता दल इस चुनावी मुकाबले से बाहर हो जाएगी। इस घटनाक्रम ने उपचुनाव की राजनीतिक सरगर्मी को और तेज कर दिया है। बांकीपुर विधानसभा सीट पर 30 जुलाई को मतदान होगा, जबकि 3 अगस्त को मतगणना के बाद चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे।