मसूरी-देहरादून मार्ग पर 'पानी वाले बैंड' के पास भारी भूस्खलन: पहाड़ी से मलबा गिरने से 1 घंटे ठप रहा यातायात, मची अफ़रा-तफ़री
मसूरी। पहाड़ों की रानी मसूरी में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश आफ़त बनकर बरस रही है। रविवार को मसूरी-देहरादून मार्ग पर स्थित बेहद संवेदनशील 'पानी वाले बैंड' के पास अचानक भारी भूस्खलन होने से मुख्य मार्ग पूरी तरह बंद हो गया। पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा, बोल्डर और बड़े-बड़े पत्थर अचानक बहकर सड़क पर आ गिरे, जिससे मार्ग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और एक घंटे तक यातायात पूरी तरह ठप रहा।
भूस्खलन की सूचना मिलते ही लोक निर्माण विभाग की टीम जेसीबी लेकर मौके पर पहुंची और सड़क से मलबा हटाने का काम शुरू किया। पहाड़ी से लगातार पत्थर और मलबा गिरने के खतरे के बीच कर्मचारियों ने करीब एक घंटे तक कड़ी मशक्कत की। इसके बाद सड़क पर जमा मलबा और बड़े बोल्डर हटाकर मार्ग को यातायात के लिए खोल दिया गया। रास्ता खुलने के बाद जाम में फंसे वाहनों को धीरे-धीरे निकाला गया और यातायात व्यवस्था सामान्य करने का प्रयास किया गया। भूस्खलन के दौरान अचानक बड़ी मात्रा में मलबा सड़क पर आने से वाहन चालकों और राहगीरों में अफरातफरी का माहौल बन गया। बारिश के बीच पहाड़ी से मलबा गिरने का सिलसिला रुक-रुककर जारी रहा, जिससे लोगों में दोबारा भूस्खलन की आशंका बनी रही। सड़क से गुजर रहे वाहन चालकों को भी बेहद सावधानी के साथ आगे बढ़ना पड़ा। स्थानीय लोगों का कहना है कि पानी वाले बैंड क्षेत्र में बारिश के दौरान भूस्खलन की घटनाएं चिंता का विषय बनती जा रही हैं। उनका कहना है कि यहां पहाड़ी से लगातार मलबा गिरने के कारण कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ऐसे में संबंधित विभागों को केवल मलबा हटाने तक सीमित न रहते हुए क्षेत्र में स्थायी सुरक्षा उपाय करने की जरूरत है। मार्ग बंद होने का सीधा असर मसूरी और देहरादून के बीच आवाजाही पर पड़ा। रविवार होने के कारण सड़क पर वाहनों का दबाव भी अधिक रहा। स्थानीय लोगों के अलावा बड़ी संख्या में पर्यटक भी मसूरी और देहरादून के बीच आवाजाही कर रहे थे। मार्ग बंद होने के बाद दोनों ओर वाहनों की कतार बढ़ती चली गई। सूचना मिलने पर पुलिस टीम भी मौके पर पहुंची और यातायात व्यवस्था को नियंत्रित करने में जुट गई। पुलिस और विभागीय कर्मचारियों की सक्रियता से मलबा हटाने का काम तेजी से किया गया और करीब एक घंटे बाद वाहनों की आवाजाही शुरू हो सकी। लगातार बारिश के चलते मसूरी और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा बना हुआ है। प्रशासन और संबंधित विभागों की टीमें संवेदनशील क्षेत्रों पर नजर रख रही हैं। अधिकारियों की ओर से लोगों से बारिश के दौरान अनावश्यक रूप से संवेदनशील पहाड़ी इलाकों में रुकने से बचने की अपील की गई है। वाहन चालकों को भी खराब मौसम के दौरान विशेष सावधानी बरतने, पहाड़ी मार्गों पर गति नियंत्रित रखने और सड़क पर मलबा या पत्थर गिरने की स्थिति में सुरक्षित स्थान पर रुकने की सलाह दी गई है। पानी वाले बैंड पर हुई इस घटना ने एक बार फिर बारिश के मौसम में मसूरी-देहरादून मार्ग की संवेदनशीलता उजागर कर दी है।