बिहार में ताबड़तोड़ फायरिंग: नीतीश कुमार के पैतृक घर के सामने 2 युवकों को मारी गोली,स्थिति नाजुक
पटना। बिहार की राजधानी पटना से सटे बख्तियारपुर में शुक्रवार शाम अपराधियों ने बेखौफ अंदाज में ताबड़तोड़ फायरिंग कर दो युवकों को गंभीर रूप से घायल कर दिया। चौंकाने वाली बात यह रही कि वारदात पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पैतृक आवास के ठीक सामने और बख्तियारपुर थाना से महज 50 मीटर की दूरी पर हुई। इस घटना ने इलाके में दहशत फैला दी है और पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, देदौर गांव निवासी विशाल कुमार और अभिषेक कुमार गंगा किनारे स्थित सीढ़ी घाट पर आयोजित गंगा आरती में शामिल होने के बाद बाइक से अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान पहले से घात लगाए बैठे बदमाशों ने उन पर अचानक ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। हमले के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई, जबकि हमलावर मौके से फरार हो गए। फायरिंग में एक युवक की पीठ में और दूसरे के पेट में गोली लगी। घायल होने के बावजूद दोनों युवकों ने हिम्मत नहीं हारी और बाइक छोड़कर किसी तरह जान बचाते हुए नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों की हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए पटना रेफर कर दिया। चिकित्सकों के अनुसार दोनों की स्थिति फिलहाल नाजुक बनी हुई है। घटना की सूचना मिलते ही बख्तियारपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे इलाके की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि हमलावरों की पहचान कर उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जा सके। अधिकारियों का कहना है कि घटना में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। बाढ़ अनुमंडलीय अधिकारी (एसडीओ) आयुष श्रीवास्तव ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि पुलिस पूरी गंभीरता और मुस्तैदी के साथ मामले की जांच कर रही है। उन्होंने बताया कि फायरिंग के पीछे की वजह का पता लगाया जा रहा है और जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा, "पुलिस कार्रवाई कर रही है। जो भी दोषी होगा, वह जल्द सलाखों के पीछे होगा। फिलहाल दोनों घायलों की स्थिति गंभीर है और घटना के कारणों की जांच की जा रही है।" वारदात जिस स्थान पर हुई, उसने स्थानीय लोगों की चिंता और बढ़ा दी है। पूर्व मुख्यमंत्री के पैतृक घर और थाना परिसर के बेहद करीब खुलेआम हुई फायरिंग से लोगों में सुरक्षा को लेकर भय का माहौल है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि इतनी संवेदनशील जगह पर अपराधी इस तरह बेखौफ होकर गोलियां चला सकते हैं, तो आम लोगों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठना स्वाभाविक है। घटना के बाद इलाके में पुलिस की गश्त बढ़ा दी गई है। पुलिस संदिग्धों से पूछताछ के साथ-साथ तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर भी जांच आगे बढ़ा रही है। वहीं, प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि पूरे मामले का जल्द खुलासा कर आरोपियों को कानून के कठघरे तक पहुंचाया जाएगा। इस सनसनीखेज वारदात ने एक बार फिर बिहार में कानून-व्यवस्था और अपराध नियंत्रण को लेकर नई बहस छेड़ दी है।