असल सम्मानः गृहमंत्री शाह ने अजान के लिए रोका भाषण! पूछा-अगर पूरी हो गई हो तो शुरू करूं, गुपकार और मोदी मॉडल का फर्क समझाया
नई दिल्ली। केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह के जम्मू-कश्मीर दौरे का आज आखिरी दिन है। आज आखिरी दिन उन्होंने बारामूला में सभा को सम्बोधित किया। सभा के दौरान एक ऐसी बात हुई, जिसने सभी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित कर लिया। दरअसल शाह जब अपना भाषण दे रहे थे तब अजान का वक्त था, इसलिए शाह ने अजान के वक्त अपना भाषण रोक दिया और बाद में उन्होंने पूछा अजान हो गई हो तो बोलना शुरू करूं। इस दौरान उन्होंने कहा कि गुपकार मॉडल में युवाओं के लिए पत्थर, बंद कॉलेज, बंदूक हैं।
शाह ने आगे कहा- जिन्होंने यहां 70 साल राज किया वे मुझे पाकिस्तान से बात करने की सलाह देते हैं। मैं पाकिस्तान से बात नहीं करना चाहता। मैं कश्मीर के युवाओं से बात करना चाहता हूं। पहले यह टेररिस्ट हॉटस्पॉट था, आज टूरिस्ट हॉटस्पॉट है। पहले यहां हर साल 6 लाख सैलानी आते थे। अक्टूबर तक 22 लाख सैलानी आए हैं। इससे कई युवाओं को रोजगार मिला है। गृह मंत्री ने कहा- पहले कश्मीर में जम्हूरियत की व्याख्या थी- तीन परिवार, 87 विधायक और 6 सांसद। प्रधानमंत्री जी ने जम्मू-कश्मीर में जम्हूरियत को जमीन तक, गांव तक पहुंचाने का काम किया है। इसके साथ ही शाह ने कहा कि मतदाता सूची तैयार करने का काम पूरा होते ही जम्मू-कश्मीर में पूरी पारदर्शिता के साथ चुनाव होंगे।