• Home
  • News
  • The first leg of the Sanatan Dharma journey from Ayodhya to the summit has been completed, with a formal puja performed on Basant Panchami.

अयोध्या से शिखर तक सनातन धर्म यात्रा का प्रथम पड़ाव संपन्न, बसंत पंचमी पर हुआ विधिवत पूजन

editor
  • Tapas Vishwas
  • January 23, 2026 01:01 PM
The first leg of the Sanatan Dharma journey from Ayodhya to the summit has been completed, with a formal puja performed on Basant Panchami.

अयोध्या। भगवान श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या से शुरू हुई ऐतिहासिक और आध्यात्मिक यात्रा "अयोध्या से शिखर" का प्रथम पड़ाव आज अयोध्या में संपन्न हुआ। यह शुभ अवसर बसंत पंचमी के पावन पर्व पर आया, जब सनातन धर्मध्वज का विधिवत पूजन किया गया। इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य भगवान श्रीराम के मंदिर से उठे धर्मध्वज को विश्व के सभी प्रमुख शिखरों तक पहुँचाना और सनातन संस्कृति का वैश्विक स्तर पर प्रचार-प्रसार करना है। दिसंबर में अयोध्या से प्रारंभ हुई यह यात्रा नेपाल मार्ग से पैदल चलते हुए 29 दिसंबर को लगभग 18,000 फीट ऊँचाई पर स्थित बेस कैंप तक पहुँची। वहाँ साहसी पर्वतारोही नरेंद्र कुमार द्वारा प्रभु श्रीराम का धर्मध्वज शिखर पर फहराया गया, जो सनातन आस्था और साहस का प्रतीक बना।

आज अयोध्या में आयोजित कार्यक्रम में धर्मध्वज पूजन के पश्चात इसे श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय को श्रद्धापूर्वक समर्पित किया गया। इस अवसर पर अयोध्या के महापौर गिरीशपति त्रिपाठी, गोसाईगंज के पूर्व विधायक अभय सिंह, हनुमानगढ़ी के महंत महेश योगी सहित कई प्रमुख संतगण और गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। यात्रा पूज्य राजपुरोहित मधुर धर्मगुरु के आशीर्वाद और मार्गदर्शन में सफलतापूर्वक संपन्न हुई। उनके आध्यात्मिक मार्गदर्शन ने पूरे अभियान को दिशा और संबल प्रदान किया। इस दिव्य प्रकल्प की कल्पना सर्वप्रथम ऋतंभरा भारद्वाज जी के मन में उत्पन्न हुई थी, जिसे उनके सहयोगियों आशीष, एकता और ब्लू नेक होटल प्रतिष्ठान के सहयोग से साकार किया गया। आयोजकों ने बताया कि यह प्रथम पड़ाव केवल शुरुआत है। आगामी चरणों में विश्व के अन्य प्रमुख शिखरों पर सनातन धर्मध्वज की स्थापना की जाएगी। इस प्रयास से भारत की सांस्कृतिक चेतना और सनातन मूल्यों का संदेश विश्वभर में पहुँचाने का संकल्प लिया गया है।
 


संबंधित आलेख: