दुखदः जिंदगी की जंग हारी पेट्रोल से जलाई गई प्रिंसिपल डाॅ. शर्मा! आज सुबह अस्पताल में ली अंतिम सांस, बेटी ने दिया कांधा
नई दिल्ली। इंदौर में पेट्रोल डालकर जलाई गई बीएम फार्मेसी कालेज की प्रिंसिपल विमुक्ता शर्मा की आज मौत हो गयी। वह पिछले पांच दिनों से अस्पताल में मौत और जिंदगी से जूझ रही थीं, लेकिन आज तड़के वह जिंदगी की जंग हार गयी। शव का पोस्टमॉर्टम जिला अस्पताल में किया गया। यहां से परिजन शव को घर लेकर उनके आनंद नगर स्थित घर पहुंचे। घर के बाहर परिजन, रिश्तेदार और स्टूडेंट्स पहले से जमा थे। विमुक्ता की अंतिम यात्रा करीब 1 बजे रीजनल पार्क मुक्तिधाम के लिए रवाना हुई। उनको उनकी बेटी वेदांशी ने कांधा दिया। रीजनल पार्क मुक्तिधाम में डॉ. विमुक्ता शर्मा का अंतिम संस्कार किया गया। पति मनोज शर्मा और बेटी वेदांशी ने डॉ़. शर्मा को मुखाग्नि दी। प्रिंसिपल शर्मा पिछले पांच दिन से चोइथराम अस्पताल में भर्ती थीं। उन पर एक पूर्व छात्र आशुतोष श्रीवास्तव ने कॉलेज कैम्पस में हमला किया था। वह मार्कशीट नहीं मिलने और एक प्रोफेसर द्वारा चाकूबाजी का केस दर्ज कराए जाने से कॉलेज मैनेजमेंट से नाराज था। कलेक्टर ने आरोपी छात्र के खिलाफ रासुका भी लगा दी है।
इधर, जांच के दौरान पुलिस को आग लगाए जाने की घटना से जुड़े चार साक्षी मिले हैं। इनमें से एक के बयान करवाए हैं। पुलिस को आरोपी का एक दिन का रिमांड मिला था, उसे आज फिर कोर्ट में पेश किया जाएगा। सिमरोल टीआई आरएन भदौरिया ने बताया कि आरोपी आशुतोष ने जिस पंप से बाइक में पेट्रोल डलवाया था, उसके मालिक और तेजाजी नगर के जनरल स्टोर संचालक, जिनसे बाल्टी खरीदी थी, उनके बयान भी लिए गए हैं। वहीं, घटना के चश्मदीद गवाह इलेक्ट्रिशियन सुनील खैर ने बताया आशुतोष ने बाल्टी भरकर पेट्रोल मैडम के ऊपर डाला था।