अनोखा मामला!भारत मे मिला दुनिया का दसवां और देश का पहला दुर्लभ ब्लड ग्रुप का व्यक्ति!हैरानी की बात ये कि इतनी उम्र हो जाने के बाद अब पता चला व्यक्ति के ब्लड ग्रुप का,सैंपल भेजा यूएस
अब तक आपने A,B,O,AB पॉजिटिव नेगेटिव ब्लड ग्रुप के बारे में ही सुना होगा। लेकिन भारत मे अब एक ऐसा ब्लड ग्रुप का व्यक्ति मिला है जो इनमें से किसी ब्लड ग्रुप का नही है बल्कि अनोखे ब्लड ग्रुप का है। भारत का ये पहला और विश्व का ये दसवां व्यक्ति है जिसका ब्लड ग्रुप बिल्कुल अलग है। जी हां गुजरात मे एक 65 वर्षीय व्यक्ति दिल की बीमारी से जूझ रहा है। इस व्यक्ति की सर्जरी होनी थी। तब इन्हें खून की ज़रूरत पड़ी। लेकिन जांच में पता चला कि इस व्यक्ति का ब्लड ग्रुप EMM नेगेटिव है। ये ब्लड ग्रुप बेहद ही दुर्लभ है। इंटरनेशनल सोसायटी ऑफ ब्लड ग्रुप ट्रांसफ्यूजन ने इस रक्त समूह का नाम EMM नेगेटिव इसीलिए रखा क्योंकि इस ब्लड ग्रुप में EMM नही होता।अब इन सैंपल को चेक करने के लिए यूएस भेजा गया है।
हैरानी की वजह ये है कि इस दुर्लभ रक्त समूह के साथ यह भारत का पहला और दुनिया का दसवां व्यक्ति है. यानी दुनिया में सिर्फ 10 लोगों के पास यह ब्लड ग्रुप है. इंसान के शरीर में 42 अलग-अलग प्रकार के ब्लड सिस्टम्स मौजूद हैं. जैसे- ए, बी, ओ, आरएच (RH) और डफी (Duffy). लेकिन आमतौर पर चार ही ब्लड ग्रुप माने जाते हैं।
इस ग्रुप की खास बात ये है कि अभी तक इस तरह के खून के सिर्फ 9 ही मामले सामने आए हैं यानी दुनिया में सिर्फ 9 लोग ही ऐसे हैं, जिनके शरीर में ये ब्लड ग्रुप है. अब इस केस को दुनिया का दसवां केस माना जा रहा है. इस ब्लड ग्रुप में ईएमएम की मात्रा काफी कम होती है, इसलिए इसे अपने आप में खास माना जाता है.
हालांकि, दुनिया में केवल 10 ऐसे लोग हैं, जिनके खून में EMM हाई-फ्रीक्वेंसी एंटीजन नहीं है, जो उन्हें सामान्य इंसानों से अलग बनाता है. ऐसे अलग ब्लड ग्रुप वाले लोग न तो अपना खून किसी को दे सकते हैं और जरूरत पड़ने पर ना ही किसी से ले सकते हैं. अब इसमें ईएमएम कम होने की वजह से इसे ईएमएम नेगेटिव नाम दिया गया है.