• Home
  • News
  • Uttarakhand: STF arrests Pakistani handler! Codes like dropping potatoes found in chats; investigation into a larger network intensifies

उत्तराखण्डः एसटीएफ के हत्थे चढ़ा आरोपी पाकिस्तानी हैंडलर! चैट्स में मिले आलू गिराने जैसे कोड, बड़े नेटवर्क की जांच तेज

editor
  • Awaaz Desk
  • April 11, 2026 11:04 AM
Uttarakhand: STF arrests Pakistani handler! Codes like dropping potatoes found in chats; investigation into a larger network intensifies

देहरादून। राजधानी देहरादून में एक बड़ी आतंकी साजिश का पर्दाफाश हुआ है। एसटीएफ और थाना प्रेमनगर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में झाझरा क्षेत्र से विक्रांत कश्यप नाम के एक युवक को गिरफ्तार किया गया है, जो कथित रूप से पाकिस्तान स्थित आतंकी नेटवर्क के इशारे पर काम कर रहा था। जांच एजेंसियों के अनुसार आरोपी के तार पाकिस्तान में सक्रिय आतंकी संगठन अल बद्र ब्रिगेड से जुड़े पाए गए हैं। पूछताछ में सामने आया कि संगठन से जुड़े आतंकी शहजाद भुट्टो ने विक्रांत को मिशन पूरा करने के लिए विदेशी पिस्टल उपलब्ध कराई थी, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है। प्रारंभिक जांच में यह खुलासा हुआ है कि आरोपी हिंदू आस्था से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण स्थानों को निशाना बनाने की तैयारी में था। इसके अलावा उसे दिल्ली में एक संगठन के कार्यकर्ताओं पर हैंड ग्रेनेड से हमला करने का भी टास्क दिया गया था। एजेंसियों को आरोपी के मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से कई संदिग्ध चैट्स और बातचीत के सबूत मिले हैं, जिनमें हमलों की योजना और निर्देश साफ तौर पर दर्ज हैं। जांच में एक चौंकाने वाला खुलासा यह भी हुआ कि आतंकी नेटवर्क बातचीत के दौरान आलू गिराना जैसे कोड वर्ड का इस्तेमाल करता था। एजेंसियों के मुताबिक इस कोड का मतलब हैंड ग्रेनेड हमला करना था। विक्रांत बार-बार अपने पाकिस्तानी आकाओं से पूछता था कि कहां आलू गिराने हैं, जिस पर उसे निर्देश दिए जाते थे कि सही समय का इंतजार करे। पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी को इस आतंकी गतिविधियों के बदले नेपाल के रास्ते दुबई भेजकर बसाने और बड़ी रकम देने का लालच दिया गया था। इससे साफ होता है कि आतंकी संगठन युवाओं को फंसाने के लिए आर्थिक और विदेश में बसाने जैसे प्रलोभन दे रहे हैं। एसटीएफ के एसएसपी अजय सिंह के मुताबिक शुरुआती जांच में यह भी संकेत मिले हैं कि इसी नेटवर्क से जुड़े लोगों ने फरवरी 2026 में पंजाब के गुरदासपुर में हुए हैंड ग्रेनेड हमलों को अंजाम दिया था, जिसमें एक पुलिसकर्मी और एक होमगार्ड की मौत हुई थी। अब जांच एजेंसियां इस कड़ी को जोड़ने में जुटी हैं कि विक्रांत कश्यप इस बड़े आतंकी नेटवर्क का हिस्सा कैसे बना और उसकी भूमिका क्या थी।

देशभर में फैला जांच का दायरा
विक्रांत के कब्जे से मिले इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की गहन जांच की जा रही है। एजेंसियों का मानना है कि इससे नेटवर्क के अन्य सदस्यों तक पहुंचने में मदद मिलेगी। फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां देहरादून समेत पूरे उत्तराखंड में अलर्ट पर हैं और संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। जांच का दायरा अब राज्य से बाहर अन्य राज्यों तक भी बढ़ा दिया गया है।


संबंधित आलेख: