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उत्तराखण्डः भराड़ीसैंण में धामी सरकार ने सदन में रखा 7,844.18 करोड़ का अनुपूरक बजट! सिर पर बर्तन रखकर कांग्रेस का अनोखा विरोध

editor
  • Awaaz Desk
  • October 27, 2026 11:10 AM
Uttarakhand: The Dhami government presented a supplementary budget of ₹7,844.18 crore in the House at Bhararisain! Congress staged a unique protest by balancing utensils on their heads.

भराड़ीसैंण। उत्तराखंड की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण के भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा भवन में भारी राजनीतिक सरगर्मियों और सड़क से लेकर सदन तक मचे हंगामे के बीच धामी सरकार ने चालू वित्तीय वर्ष के लिए 7,844.18 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट सदन के पटल पर रख दिया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की मौजूदगी में पेश किए गए इस बजट में सरकार ने बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य, शिक्षा और ग्रामीण विकास के साथ-साथ कुंभ मेले और खेल क्षेत्र पर विशेष ध्यान केंद्रित किया है। दूसरी ओर, इस सत्र का विरोध करने और विभिन्न मुद्दों पर सरकार को घेरने सड़क पर उतरे विपक्ष और आंदोलनकारियों को रोकने के लिए पुलिस को भारी मशक्कत करनी पड़ी। प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस के दिग्गज नेताओं गणेश गोदियाल और डॉ. हरक सिंह रावत समेत कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि बैरिकेड्स पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी झड़पें हुईं।

बजट का गणित: विकास, स्वास्थ्य और खेलों पर जोर
सरकार द्वारा पेश किए गए कुल 7,844.18 करोड़ रुपये के अनुपूरक बजट में से राजस्व मद के लिए 3,679.86 करोड़ रुपये और पूंजीगत मद के लिए 4,164.32 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। 
कृषि व ग्रामीण विकास: अन्नपूर्ति योजना के तहत धान व गेहूं की खरीद के लिए 1,100 करोड़ रुपये का भारी-भरकम प्रावधान किया गया है। स्थानीय निकायों व ग्रामीण-शहरी विकास के लिए राज्य वित्त आयोग की सिफारिशों पर 721 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
पेयजल व कुंभ: जल जीवन मिशन में ठेकेदारों के बकाया भुगतान के लिए 300 करोड़ रुपये और गैरसैंण जलापूर्ति बांध परियोजना के लिए 122 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है। हरिद्वार कुंभ मेले के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए 290 करोड़ और हरिद्वार-गंगा कॉरिडोर परियोजना के लिए 30 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
स्वास्थ्य व पेंशन: आयुष्मान योजना के लिए 100 करोड़ और सरकारी कर्मचारियों व पेंशनरों के गोल्डन कार्ड के लिए 125 करोड़ रुपये रखे गए हैं। कल्याणकारी पेंशन के लिए 93 करोड़ तथा पिथौरागढ़ व रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज और नर्सिंग कॉलेजों के लिए 160 करोड़ रुपये प्रस्तावित हैं।
शिक्षा व खेल: स्कूल और उच्च शिक्षा में डिजिटल लर्निंग को बढ़ावा देने के लिए 200 करोड़ रुपये का प्रावधान है। वहीं खेल विश्वविद्यालय के लिए 35 करोड़, महिला स्पोर्ट्स कॉलेज चंपावत के लिए 10 करोड़ और अंतरराष्ट्रीय पदक विजेताओं के पुरस्कार के लिए 15 करोड़ रुपये रखे गए हैं। इसके अलावा, ऋषिकेश में मदन मोहन प्राच्य संस्थान के लिए 2 करोड़, नंदा देवी राजजात योजना के लिए 20 करोड़ और मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना के लिए 2 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है।

सड़क पर संग्राम: पारंपरिक बर्तनों से प्रदर्शन, बैरियर पर पुलिस से भिड़े कार्यकर्ता
विधानसभा घेराव के लिए कूच कर रहे कांग्रेस और उत्तराखंड क्रांति दल (यूकेडी) के कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए पुलिस ने गैरसैंण-दिवालीखाल मार्ग पर कड़ी घेराबंदी कर रखी थी। कालीमाटी बैरियर पर रोके जाने से आक्रोशित कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने अनोखा प्रदर्शन किया। वे उत्तराखंड के खाना बनाने के पारंपरिक बर्तनों (तोला और बंठा) को सिर पर रखकर और कांग्रेस के झंडों से बने वस्त्र पहनकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। पाबौ निवासी दिगंबर सिंह समेत अन्य कार्यकर्ताओं ने महंगाई और बेरोजगारी को लेकर सरकार को आड़े हाथों लिया। जंगलचट्टी और दिवालीखाल बैरियर पर स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो गई जब आंदोलनकारी और यूकेडी के कार्यकर्ता बैरिकेड्स पर चढ़ गए और उन्हें तोड़ने का प्रयास किया। उग्र भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने दूसरी बार वाटर कैनन (पानी की बौछारों) का इस्तेमाल किया।

गोदियाल और हरक सिंह रावत समेत कई नेता गिरफ्तार
हंगामे और टकराव के बीच पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत समेत कई वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया और बाद में उनकी गिरफ्तारी दिखाई। वहीं, यूकेडी नेता आशीष नेगी के नेतृत्व में कार्यकर्ता बैरिकेड्स पर डटे रहे और काफी देर तक पुलिस के साथ उनकी जोर-आजमाइश चलती रही। गिरफ्तारी और बल प्रयोग के बावजूद देर शाम तक आंदोलनकारियों का विरोध-प्रदर्शन जारी रहा, जिसने सत्र के पहले दिन की राजनीतिक तपिश को और बढ़ा दिया।


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