VIRUS !ओमीक्रोन ब्रेकिंग: अमेरिका सहित कई देशों ने इन देशों के विमानों और यात्रियों पर लगाया प्रतिबंध,किसने कहा ये है चिंता वाला वायरस,बड़ी आपदा में हो सकता है तब्दील
साउथ अफ़्रीका से आया कोरोना का नया वेरिएंट ने पूरी दुनिया मे नए खतरे का साइरन बजा दिया है। नए वेरिएंट 'ओमीक्रोन' को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) सहित पूरी दुनिया की चिंता बढ़ गई है। बीबीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक ओमीक्रोन से निपटने के लिए दुनिया के कई देशों ने दक्षिण अफ़्रीका सहित अफ़्रीका के सात-आठ देशों से विमानों और यात्रियों के आने पर प्रतिबंध लगाना शुरू कर दिया है. जिन देशों से आने वाले विमानों पर ये प्रतिबंध लगे हैं, उनमें दक्षिण अफ़्रीका के अलावा बोत्सवाना, जिम्बॉब्वे, नामीबिया, लेसोथो, इस्वातिनी, मोज़ांबिक और मलावी शामिल हैं.दक्षिण अफ़्रीका से इस वेरिएंट के पहले मामले की जानकारी 24 नवंबर को मिली. साथ ही बोत्सवाना, बेल्जियम, हांगकांग और इसराइल में भी इस वेरिएंट की पहचान हुई है.
गौरतलब है कि नए ख़तरों के प्रति सतर्कता बरतते हुए भारत ने भी ऐलान किया है कि दक्षिण अफ्रीका, बोत्सवाना और हांगकांग से आने वाले यात्रियों की पहले से अधिक सख़्त जांच की जाएगी,हालांकि WHO ने जल्दबाज़ी में यात्रा प्रतिबंध लगाने पर चेतावनी देते हुए कहा है कि प्रतिबंध लगाने वाले देशों को "ख़तरों को देखकर वैज्ञानिक नज़रिया" अपनाना चाहिए,उधर दक्षिण अफ्रीका के स्वास्थ्य मंत्री जो फाहला ने कहा है कि उनके देश से आने-जाने वाले विमानों पर लगाए गए ये प्रतिबंध "अनुचित" और मनमाने हैं. उन्होंने कहा है कि आवाजाही पर लगाए गए ये प्रतिबंध डब्ल्यूएचओ द्वारा तय मानदंडों और मानकों के पूरी तरह ख़िलाफ़ हैं,इससे पहले, डब्ल्यूएचओ ने नए वेरिएंट को 'चिंता वाला वेरिएंट' (वेरिएंट ऑफ़ कंसर्न/वीओसी) क़रार दिया है. डब्ल्यूएचओ ने कहा है कि ओमिक्रॉन वैरिएंट पूरी दुनिया में तेजी से फैल सकता है. उसने सभी देशों से वैक्सीनेशन में तेजी लाने का अनुरोध किया है. साथ ही सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं को इन आपदाओं से निपटने के लिए तैयार करने को कहा है. इस कोविड-19 वैरिएंट का पहला मामला दक्षिण अफ्रीका में पता चला था, लेकिन अब यह 12 देशों में इसके मरीज मिल चुके हैं. ओमिक्रॉन वैरिएंट का दुनिया भर के बाजारों और पर्यटन पर भी गंभीर असर पड़ा है. विश्व स्वास्थ्य एजेंसी ने भी एक बयान में कहा है कि ओमिक्रॉन के अप्रत्याशित तौर पर ढेरो स्पाईक प्रोटीन है जिनमे से कुछ ऐसे हैं जो संक्रमण का तेजी से प्रसार कर बड़ी आपदा में तब्दील हो सकते हैं।
कौन से देशों ने कहां के विमानों पर लगाए प्रतिबंध?
ब्रिटेन ने कहा है कि उसके यहां अफ़्रीका के छह देशों दक्षिण अफ्रीका, नामीबिया, जिम्बॉब्वे, बोत्सवाना, लेसोथो और इस्वातिनी से आने वाले लोग प्रवेश नहीं कर पाएंगे, बशर्ते वे ब्रिटेन या आयरलैंड के नागरिक या ब्रिटेन के निवासी न हों.
यूरोपीय संघ के देशों और स्विट्जलैंड ने भी कई दक्षिणी अफ़्रीकी देशों से आने-जाने वाले विमानों पर अस्थायी रोक लगा दी है.
अमेरिका ने भी दक्षिण अफ्रीका के साथ अफ़्रीका के सात दूसरे देशों बोत्सवाना, जिम्बॉब्वे, नामीबिया, लेसोथो, इस्वातिनी, मोजांबिक और मलावी से आने वाली विमानों पर प्रतिबंध लगाने का फ़ैसला किया है. सोमवार से यह रोक लागू हो जाएगी. इसके बाद केवल अमेरिकी नागरिकों और निवासियों को ही उन इलाक़ों से अमेरिका आने दिया जाएगा.
अमेरिकी प्रेसिडेंट जो बाइडन ने इस बारे में कहा कि ये कदम ''सतर्क रहने के लिए'' हैं और तब तक लागू रहेंगे जब तक इस वेरिएंट के बारे में और जानकारी सामने नहीं आ जाती.
कनाडा भी दक्षिण अफ्रीका के अलावा छह अन्य अफ़्रीकी देशों बोत्सवाना, जिम्बॉब्वे, नामीबिया, लेसोथो, इस्वातिनी और मोज़ांबिक पर यात्रा प्रतिबंध लागू करने जा रहा है. उसने कहा है कि पिछले 14 दिनों में इन देशों में जाने वाले विदेशी यात्रियों को कनाडा में प्रवेश नहीं दिया जाएगा.
जापान ने घोषणा की है कि शनिवार से दक्षिणी अफ्रीका से आने वाले अधिकांश यात्रियों को 10 दिनों के लिए क्वारंटाइन किया जाएगा. उस दौरान लोगों की चार बार जांच की जाएगी.
ईरान ने भी दक्षिण अफ्रीका के साथ छह दक्षिणी अफ्रीकी देशों से आवाजाही पर प्रतिबंध लगाने का एलान किया है. ब्राजील ने भी कहा है कि वो अफ्रीका के छह देशों से आने-जाने पर प्रतिबंध लगा रहा है.
अरब देशों ने भी लगाए प्रतिबंध:
सऊदी अरब ने शुक्रवार को दक्षिण अफ़्रीका के अलावा छह अन्य अफ़्रीकी देशों बोत्सवाना, जिम्बॉब्वे, नामीबिया, लेसोथो, इस्वातिनी और मोज़ांबिक से आने वाली उड़ानें निलंबित कर दी है.
सऊदी अरब के गृह मंत्रालय ने जारी एक बयान में कहा कि इन सात देशों के विदेशी नागरिकों को देश में प्रवेश करने से रोक दिया गया है. उसने यह भी बताया कि सऊदी नागरिकों के साथ छूट पाए यात्रियों को देश आने पर पांच दिनों के लिए क्वारंटीन रहना होगा, भले इन यात्रियों ने कोविड वैक्सीन ली हो या नहीं. उधर संयुक्त अरब अमीरात यानी यूएई ने भी शुक्रवार को इन सात देशों से आने वाले विमानों पर सोमवार से रोक लगाने का एलान किया।
यूएई प्रशासन के अनुसार, ये प्रतिबंध उन यात्रियों पर लगाए गए हैं, जो यूएई आने के 14 दिन पहले तक इन देशों में थे. हालांकि यूएई ने अपने यहां से इन देशों में विमान के जाने पर रोक नहीं लगाई है.वहीं अरब प्रायद्वीप के एक अन्य देश बहरीन ने भी दक्षिण अफ्रीका के अलावा पांच अन्य देशों के यात्रियों और विमानों के देश में प्रवेश पर रोक लगाने का फ़ैसला किया है.
बहरीन समाचार एजेंसी (बीएनए) ने शुक्रवार को बताया कि बहरीन ने दक्षिण अफ़्रीका के अलावा बोत्सवाना, जिम्बॉब्वे, नामीबिया, लेसोथो, और इस्वातिनी पर ये प्रतिबंध लगाए हैं.
रिपोर्ट: बीबीसी हिंदी